“आयो रे आयो आषाढ़ मास आयो ” “रिमझिम रिमझिम सावन लायो” “संग अपने गुरुवर लायो” टुमकुर शहर मे चातुर्मास के पूर्व हुआ आषाढ़ मास का अनूठा महा मांगलिक।। “आचार्य श्री किर्तिप्रभ सूरीश्वरजी महाराज साहेब की पावन निश्रा में”

“आयो रे आयो आषाढ़ मास आयो ”  “रिमझिम रिमझिम सावन लायो” “संग अपने गुरुवर लायो” टुमकुर शहर मे चातुर्मास के पूर्व हुआ आषाढ़ मास का अनूठा महा मांगलिक।। “आचार्य श्री किर्तिप्रभ सूरीश्वरजी महाराज साहेब की पावन निश्रा में”

“आयो रे आयो आषाढ़ मास आयो ” “रिमझिम रिमझिम सावन लायो” “संग अपने गुरुवर लायो” टुमकुर शहर मे चातुर्मास के पूर्व हुआ आषाढ़ मास का अनूठा महा मांगलिक।। “आचार्य श्री किर्तिप्रभ सूरीश्वरजी महाराज साहेब की पावन निश्रा में”

सरल स्वाभावि परम पूज्य आचार्य श्री किर्तिप्रभ सूरीश्वरजी महाराज साहेब
संगीत विशेषज्ञ परम पूज्य मुनिराज श्री तप प्रभ विजय जी महाराज साहेब
युवा प्रवचन कार परम पूज्य मुनिराज श्री संयम प्रभ विजय जी महाराज साहेब की पावन निश्रा मे सर्व प्रथम बार टुमकुर जैन संघ मे हुआ अनूठा महा मांगलिक।
आषाढ़ मास की एकम को सूरी यंत्र की पीठिका, मंत्रों की शक्ति, एवं मधुरमय संगीत के साथ भक्तों ने अपने महीने का प्रारंभ किया.. शास्त्रीय संगीत कलाकार रोमिल शाह ने अपनी सुरीली आवाज से सबको भक्ति में लीन कर दिया।
गुरुदेव का चातुर्मास टुमकुर के कुछ ही दूरी पर हिरीयुर की धन्य धरा में है। गुरुदेव का हिरीयुर में 22 जुलाई को प्रवेश है.।

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